नई दिल्ली: भारतीय राजनीति में 10 जून 2026 का दिन एक ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में दर्ज हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले भारत के निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं। इस उपलब्धि के साथ उन्होंने देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के दशकों पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है।
प्रधानमंत्री मोदी ने लगातार 4,399 दिनों तक निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में कार्य करने का कीर्तिमान स्थापित किया है। इससे पहले यह रिकॉर्ड जवाहरलाल नेहरू के नाम था, जिन्होंने मई 1952 में पहले आम चुनाव के बाद से 27 मई 1964 तक लगातार 4,398 दिनों तक प्रधानमंत्री पद संभाला था।
नेहरू का रिकॉर्ड पीछे छोड़ने वाले पहले निर्वाचित प्रधानमंत्री
स्वतंत्रता के बाद 1947 से 1952 तक जवाहरलाल नेहरू अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में प्रधानमंत्री रहे थे। हालांकि निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल की गणना पहले आम चुनाव के बाद मई 1952 से की जाती है। इसी आधार पर प्रधानमंत्री मोदी ने अब निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में लगातार सबसे लंबा कार्यकाल पूरा करने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष है क्योंकि मोदी का पूरा कार्यकाल लगातार निर्वाचित जनादेश पर आधारित रहा है। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का कुल कार्यकाल लंबा रहा, लेकिन वह लगातार नहीं था।
मोदी सरकार के 12 वर्ष पूरे
इस ऐतिहासिक उपलब्धि के साथ केंद्र में मोदी सरकार के 12 वर्ष भी पूरे हो गए हैं। इस अवसर पर दिल्ली के भारत मंडपम में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जा रही है। बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा के वरिष्ठ नेता और एनडीए के सहयोगी दलों के प्रमुख हिस्सा लेंगे।
दोपहर 3 बजे होने वाली इस बैठक में गठबंधन की भविष्य की रणनीति, आगामी राजनीतिक चुनौतियों और विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। इसके अलावा प्रधानमंत्री मोदी एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों के साथ भी बैठक करेंगे। बैठक के बाद सभी मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों के लिए रात्रिभोज का आयोजन किया जाएगा।
साधारण परिवार से प्रधानमंत्री पद तक का सफर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राजनीतिक जीवन भारतीय राजनीति की सबसे चर्चित यात्राओं में से एक माना जाता है। उनका जन्म एक साधारण परिवार में हुआ था। सीमित संसाधनों में पले-बढ़े मोदी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रचारक के रूप में सार्वजनिक जीवन की शुरुआत की और लंबे समय तक संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय रहे।
बाद में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी में विभिन्न जिम्मेदारियां निभाईं और संगठन के प्रमुख नेताओं में शामिल हुए।
13 साल गुजरात के मुख्यमंत्री, फिर तीन बार प्रधानमंत्री
नरेंद्र मोदी वर्ष 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री बने और लगभग 13 वर्षों तक इस पद पर रहे। वर्ष 2014 में भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व में लोकसभा चुनाव जीतकर वह पहली बार देश के प्रधानमंत्री बने। इसके बाद 2019 और 2024 के आम चुनावों में भी उन्होंने लगातार जीत दर्ज की और प्रधानमंत्री पद पर बने रहे।
प्रधानमंत्री के रूप में अपने 12 वर्षों के कार्यकाल में मोदी सरकार ने कई महत्वपूर्ण फैसले लिए। इनमें जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाना, डिजिटल भुगतान प्रणाली को बढ़ावा देना, बुनियादी ढांचे का विस्तार, आत्मनिर्भर भारत अभियान और विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का क्रियान्वयन प्रमुख माना जाता है।
लगातार 4,399 दिनों तक प्रधानमंत्री पद पर बने रहकर नरेंद्र मोदी ने भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ दिया है।



