चंपतराय जीवन के सबसे कठिन दौर में
– एक झटके में पहुंचे अर्श से फर्श पर
– वीआइपी कार्यक्रम में सफाई कर्मियों की ड्यूटी लगाने वाले जिला पंचायत राज अधिकारी के नीचे लुढ़के प्रोटोकॉल में
– मुख्यमंत्री के राम मंदिर कार्यक्रम से चंपतराय रहे दूर
– अयोध्या : श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपतराय को शायद कभी इसका एहसास नहीं रहा होगा कि एक झटके में वह अर्श से फर्श पर पहुंच जाएंगे।
– राम मंदिर आंदोलन से लेकर उसके निर्माण में चंपतराय के योगदान को नकारना भी आसान नहीं।
– वही चंपतराय एसोसिएट राम मंदिर के चढ़ावे के आरोपों से ऐसे घिरे कि शुक्रवार को राम मंदिर में जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कार्यक्रम लगा तो प्रोटोकॉल में मुख्यमंत्री की सुरक्षा एडवाइजरी में उनको जिला पंचायत राज अधिकारी के नीचे जगह मिली।
– जिला पंचायत राज अधिकारी की राम मंदिर में वीवीआईपी मूवमेंट पर सफाई कर्मियों की ड्यूटी लगाने की होती है।
– इसी से अंदाजा लगा सकते हैं कि उनकी टीआरपी किस कदर नीचे लुढ़क गई।
– राम मंदिर का निर्माण प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है।
– उस राम मंदिर के संचालन के लिए बने श्री जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपतराय को जगह जिला पंचायत राज अधिकारी के बाद दी गई।
– राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री अन्य वीवीआईपी कार्यक्रमों में प्रशासन व पुलिस के उच्च अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था के लिए राम मंदिर में पहले उनके आगे पीछे घूमते रहे।
– उनकी सहमति के बिना राम मंदिर में एक पत्ता भी नहीं हिल सकता था।
– समय का ऐसा चक्र चला कि उनको मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से ही शुक्रवार को दूर कर दिया गया।
– राम मंदिर के चढ़ावा में चोरी के आरोपों से घिरे ट्रस्ट के पदाधिकारियों में चंपतराय समेत अन्य से एसआईटी कई बार पूछताछ कर चुकी है।
– एसआईटी का गठन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया है।
– ‘आनंद मोहन पेज’ ने मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से चंपतराय को दूर रखे जाने की खबर को सबसे पहले गुरुवार 18 जून को पूर्वाह्न 11.20 बजे ‘ब्रेक’ किया था।
– उसी के बाद इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट व सोशल मीडिया में चंपतराय को मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से दूर रखे जाने की खबरों की बाढ़ आ गई।
– मुख्यमंत्री शुक्रवार को जब राम मंदिर आए तो हुआ भी वही चंपतराय को राम मंदिर से दूर रखा गया। एसआईटी की रिपोर्ट राम मंदिर के चढ़ावे को लेकर आनी है।
– जांच रिपोर्ट से ही चढ़ावे में की जा रही धांधली से पर्दा उठ सकेगा।






