आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने पंजाब किंग्स को 6 रनों से हराकर खिताब अपने नाम किया था। इस जीत के बाद आरसीबी के खिलाड़ियों का स्वागत कर्नाटक विधानसभा के बाहर किया गया। इसके बाद एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें अपने पसंदीदा खिलाड़ियों को देखने के लिए लाखों की संख्या में लोग जुटे। भीड़ उम्मीद से कहीं ज्यादा हो गई, जिससे पुलिस व्यवस्था बिगड़ गई और भगदड़ मच गई। इस हादसे में 11 लोगों की मौत हो गई।
घटना की जांच में पुलिस ने आरसीबी के मार्केटिंग हेड और इवेंट मैनेजमेंट कंपनी के तीन कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है। कोर्ट ने सभी चारों आरोपियों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इसी बीच, कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव ए. शंकर और कोषाध्यक्ष ई. जयराम ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
KCA अध्यक्ष को सौंपा इस्तीफा
कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन (KSCA) के सचिव ए. शंकर और कोषाध्यक्ष ई. एस. जयराम ने गुरुवार रात KCA अध्यक्ष को अपना इस्तीफा सौंप दिया। दोनों ने एक संयुक्त बयान में कहा कि बीते दो दिनों में जो अप्रत्याशित और दुर्भाग्यपूर्ण घटनाएं घटी हैं, उनके मद्देनजर उन्होंने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने-अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भले ही इस घटना में उनकी भूमिका बहुत सीमित थी, फिर भी वे इस कदम को जरूरी समझते हैं।
चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर मचा था हड़कंप
KSCA अध्यक्ष रघुराम भट, सचिव ए. शंकर और कोषाध्यक्ष जयराम ने कर्नाटक हाईकोर्ट में स्पष्ट किया था कि गेट और भीड़ प्रबंधन की जिम्मेदारी संघ की नहीं है। उन्होंने तो केवल विधानसभा में समारोह आयोजित करने की अनुमति ली थी, जो बिना किसी बड़ी गड़बड़ी के संपन्न भी हो गया। लेकिन इसके बाद एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर अचानक भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे भगदड़ की स्थिति बन गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद कर्नाटक क्रिकेट संघ ने शोक जताते हुए मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की, साथ ही घायलों के जल्द ठीक होने की कामना भी की।






