कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में करीब 25 लाख फर्जी मतदाता हैं और कई वोटर लिस्ट में एक ही तस्वीर के साथ कई नाम दर्ज किए गए हैं। राहुल गांधी ने कहा कि यह मामला सिर्फ हरियाणा का नहीं, बल्कि देश की लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल उठाने वाला है। उन्होंने युवाओं और GenZ को इस मुद्दे को ध्यान से समझने की अपील की है।
राहुल गांधी के आरोप
राहुल गांधी ने कहा, “हमारे पास ‘एच फाइलें’ हैं, जिनसे पता चलता है कि पूरे राज्य में गड़बड़ी की गई है। यह सिर्फ कुछ सीटों का मामला नहीं, बल्कि राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर हुआ है। हरियाणा में हमारे उम्मीदवारों को लगातार शिकायतें मिलीं कि मतदान प्रक्रिया में कुछ गड़बड़ी थी और परिणाम अप्रत्याशित रूप से उलट गए।”
उन्होंने आगे कहा, “हमारे पास ठोस सबूत हैं कि हरियाणा में हर आठवां मतदाता फर्जी है, यानी लगभग 12.5% वोटर सूची में गड़बड़ी है। ये मतदाता या तो अस्तित्व में नहीं हैं, या फिर डुप्लिकेट नामों के जरिए वोट देने के लिए जोड़े गए हैं। हमें पूरा भरोसा है कि कांग्रेस की भारी जीत को हार में बदलने की साजिश रची गई।”
चुनाव आयोग का जवाब
राहुल गांधी के आरोपों पर चुनाव आयोग के सूत्रों ने पलटवार करते हुए कहा—
- मतदाता सूची के खिलाफ कोई अपील दर्ज नहीं की गई।
- 90 विधानसभा सीटों में से केवल 22 चुनाव याचिकाएं ही इस समय हाईकोर्ट में लंबित हैं।
- यदि किसी मतदाता की पहचान संदिग्ध थी, तो कांग्रेस के पोलिंग एजेंटों को मतदान केंद्र पर आपत्ति उठानी चाहिए थी।
- क्या राहुल गांधी SIR (सिस्टमेटिक इन्फॉर्मेशन रिव्यू) प्रक्रिया का समर्थन करते हैं, जिसमें फर्जी, मृत और डुप्लिकेट मतदाताओं को हटाने का कार्य किया जाता है, या फिर उसका विरोध?
- पुनरीक्षण और संशोधन के दौरान कांग्रेस के बूथ लेवल एजेंट (BLA) ने कोई दावा या आपत्ति क्यों नहीं दायर की?
- “राहुल गांधी को कैसे पता कि कथित डुप्लिकेट मतदाताओं ने भाजपा को ही वोट दिया?”
चुनाव आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि ‘हाउस नंबर जीरो’ उन घरों के लिए होता है, जिनके पास पंचायत या नगर निकाय द्वारा आवंटित नंबर नहीं हैं।
राहुल गांधी ने युवाओं से क्या कहा
राहुल गांधी ने भारत के युवाओं से अपील करते हुए कहा,
“मैं चाहता हूं कि GenZ इसे स्पष्ट रूप से समझे, क्योंकि यह आपके भविष्य का सवाल है। मैं चुनाव आयोग और लोकतांत्रिक प्रणाली की निष्पक्षता पर सवाल उठा रहा हूं — और मेरे पास इसके ठोस सबूत हैं।”
उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मामले को पूरी गंभीरता से देश के सामने लाएगी और लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी।






