शहडोल में विकास को नई रफ्तार, CM मोहन यादव ने 139 कार्यों का किया लोकार्पण-भूमि पूजन
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को शहडोल जिले के ग्राम गंधिया और सीतामढ़ी क्षेत्र में 747.91 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 139 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि पूजन किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने जनजातीय कल्याण, धार्मिक पर्यटन और क्षेत्रीय विकास से जुड़ी कई अहम घोषणाएं कीं।
जनजातीय समाज का समग्र विकास सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय वर्ग का सर्वांगीण विकास राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री जन-मन योजना के तहत 98.30 करोड़ रुपये और धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के अंतर्गत 401.56 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण और भूमि पूजन किया जा चुका है। साथ ही जनजातीय नायकों की गौरव गाथाओं को शैक्षणिक पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है।
“शबरी मैया को पूरे मध्य प्रदेश की ओर से नमन”
मुख्यमंत्री ने माता शबरी का स्मरण करते हुए कहा कि जिन्होंने नि:शब्द रहकर अपनी पुण्य भावनाओं को अमर बना दिया, ऐसी शबरी मैया को पूरे मध्य प्रदेश की ओर से नमन और वंदन है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम ने शबरी मैया के जूठे बेर भक्तिभाव से स्वीकार किए, जिससे यह संदेश मिलता है कि ईश्वर विधि से नहीं, भक्त के भाव से प्रसन्न होते हैं। व्यक्ति का मूल्य उसके हृदय की पवित्रता से तय होता है, जन्म से नहीं। मुख्यमंत्री ने शबरी मैया को कोल समाज की कुल देवी बताते हुए उन्हें पूरे जनजातीय समाज के लिए पूजनीय और वंदनीय बताया।
1450 किमी लंबे राम वन गमन पथ का होगा निर्माण
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि माता शबरी का भगवान श्रीराम पर अटूट विश्वास प्रेरणादायक है। इसी भावना को साकार करने के लिए सरकार ने श्री रामचंद्र पथ गमन न्यास की स्थापना की है। प्रदेश में 1450 किलोमीटर लंबे राम वन गमन पथ का निर्माण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि चित्रकूट में भगवान श्रीराम ने 11 वर्ष बिताए और ग्राम गंधिया में 11 रात ठहरे थे। इस कारण गंधिया को भी राम वन गमन पथ विकास योजना में शामिल किया गया है। गांव के विकास के लिए लगभग 80 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।
क्षेत्र के विकास के लिए कई अहम घोषणाएं
मुख्यमंत्री ने ब्यौहारी में 30 बिस्तरों वाले अस्पताल के निर्माण की घोषणा की। इसके साथ ही सीतामढ़ी धाम को धार्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने और संजय डूबरी टाइगर रिजर्व का एक प्रवेश द्वार ब्यौहारी की ओर खोलने की घोषणा की गई, जिससे वन्यजीव पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र में महुआ और कटहल की प्रचुर उपलब्धता को देखते हुए इनसे बनने वाले उत्पादों और औषधियों को बाजार उपलब्ध कराने के लिए एक औद्योगिक विकास केंद्र स्थापित किया जाएगा। इससे उद्योग, रोजगार और निर्यात को प्रोत्साहन मिलेगा। मुख्यमंत्री ने जयसिंहनगर के लिए बायपास निर्माण और उप-तहसील आमाडीह को तहसील बनाने की प्रक्रिया शुरू करने की भी घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि क्षेत्र की जनता ने सरकार की विकास नीतियों पर भरोसा जताया है और सरकार शहडोल अंचल के विकास में कोई कमी नहीं छोड़ेगी।



