टेंबा बवुमा का ऐतिहासिक जीत पर बयान:
दक्षिण अफ्रीका को पहली बार किसी भी फॉर्मेट में विश्व खिताब दिलाने वाले कप्तान टेंबा बवुमा इन दिनों विश्व क्रिकेट और सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं – और यह बिल्कुल जायज़ भी है। उन्होंने वह काम कर दिखाया है जो दक्षिण अफ्रीकी क्रिकेट को दशकों से रोक कर रखा था – ‘चोकर्स’ के टैग को हटाकर टीम को गौरव दिलाना।
शनिवार को ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेट से हराने के बाद बवुमा ने कहा,
“यह जीत उन सभी के लिए है जो हम पर शक करते थे।”
उन्होंने आगे कहा,
“पिछले कुछ दिन बेहद खास रहे हैं। फाइनल में जिस तरह से फैंस ने हमारा समर्थन किया, ऐसा लगा जैसे हम अपने ही घर में खेल रहे हों। ये पल हमारे लिए, हमारी टीम के लिए और पूरे देश के लिए बेहद खास हैं। इन पलों को पूरी तरह समझने और इनसे बाहर आने में हमें वक्त लगेगा।”
बवुमा ने कहा,
“हम लंबे समय से इस मुकाम को हासिल करना चाहते थे। हम लगातार दरवाजा खटखटा रहे थे। इस दौरान हमने कई उतार-चढ़ाव, निराशा और चुनौतियों का सामना किया। हमारे पूर्व खिलाड़ियों ने भी यह दौर देखा है। लेकिन आज, आखिरकार हमारे ऊपर सूरज की रोशनी है। उम्मीद है कि यह हमारी कई जीतों की शुरुआत है।”
रबाडा और मार्करम के प्रदर्शन पर बोले कप्तान बवुमा – ‘हमारे असली हीरो’
फाइनल मुकाबले में कगिसो रबाडा के तूफानी प्रदर्शन को लेकर दक्षिण अफ्रीकी कप्तान टेंबा बवुमा ने उनकी जमकर तारीफ की। बवुमा ने कहा, “केजी (रबाडा) एक बड़ा खिलाड़ी है। मुझे पूरा यकीन है कि आने वाले कुछ सालों में वह ICC हॉल ऑफ फेम में जगह बनाएंगे। कुछ दिन पहले वो भारी दबाव में थे, लेकिन रबाडा ने वही किया जो वो सोचते हैं – बड़ी जिम्मेदारी उठाई और उसे बखूबी निभाया।”
इसके साथ ही उन्होंने एडेन मार्करम की भी सराहना करते हुए कहा, “मार्करम अविश्वसनीय रहे। आंकड़े अपनी जगह हैं, लेकिन हमारे लिए खिलाड़ी का चरित्र सबसे बड़ी चीज है – और एडेन में वो मौजूद है। वह भी हमारे एक बड़े स्तंभ हैं। मुझे यकीन है कि इस जीत के बाद पूरा दक्षिण अफ्रीका जश्न मना रहा होगा।”
टेस्ट क्रिकेट में हालिया वर्षों में दक्षिण अफ्रीका को बहुत सफलता नहीं मिली थी, लेकिन करीब दो साल पहले जब बवुमा को टीम की कमान सौंपी गई, तब से बदलाव की बयार चली। उनकी कप्तानी में टेस्ट फॉर्मेट में टीम ने लगातार बेहतर प्रदर्शन किया।
अब, फाइनल में बवुमा ने न सिर्फ कप्तानी में टीम को उसका पहला वर्ल्ड टाइटल दिलाया, बल्कि खुद भी बल्ले से अहम भूमिका निभाई। उन्होंने WTC फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 66 रनों की ज़रूरी पारी खेली और प्लेयर ऑफ द मैच बने एडेन मार्करम के साथ तीसरे विकेट के लिए 147 रनों की साझेदारी कर टीम को जीत की पटरी पर लाया।





